दिल जी ग्गाल्हि दिल में रही वयी दुनिया जी वास्ते मजाक थी जद_हिं कहिंखे चयी ओ यार जद_हिं पहिंजी ग्गाल्हि पहिन्जे दिल में न रखी सघिया से ब्बियो कोय कीयं रखंदो हीअ दुनिया लिकाए पहिन्जा हादसा ब्बे जे दर्द… more →
Sindhi blog (india)दीपक भारतदीप wrote 8 months ago: दिल जी ग्गाल्हि दिल में रही वयी दुनिया जी वास्ते मजाक थी जद_हिं कहिंखे चयी ओ यार जद_हिं पहिंजी ग्गाल … more →
दीपक भारतदीप wrote 1 year ago: سَكَ كِيرَ كَهِن̇كهِي كَ’ِي سَبهَ’ِي تَ هَلَنَ َتهَا كُورَ̣ جِي ڤَاطَ ضِضَجَنَ َتهَا سَب … more →
दीपक भारतदीप wrote 2 years ago: jhinje dil mein pyaar n aahe ahido koi insaan n aahe par koee kando aahe ibaadat vaangur koee kando … more →